(१.) हमाई मातृभाषा बुन्देली को भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल किया जाए।
(२.) बुन्देली को मध्यप्रदेश के बुन्देलखण्ड क्ष और उत्तर प्रदेश के बुन्देलखण्ड क्षेत्र यानि अखंड बुंदेलखंड की राजभाषा यानि कार्यालयी भाषा (राजभासा बुंदेली) का दर्जा दिया जाए।
(३.) बुन्देलखण्ड के समस्त शिक्षण संस्थानों में प्राथमिक शिक्षा (प्राइमरी एजुकेशन) से लेकर स्नातक तक बुन्देली भाषा अनिवार्य विषय के तौर पर पढ़ाई जाए और बुन्देली को शिक्षा का माध्यम भी बनाया जाए।
(४.) बुन्देलखण्ड की समस्याओं के समाधान के लिए और बुन्देलखण्ड के चहुँमुखी विकास के लिए अखण्ड बुन्देलखण्ड राज्य का गठन किया जाए।
✒️ सतेंद सिंघ किसान 'कुशराज झाँसी'
#बुंदेलीबुंदेलखंडआंदोलन #अखंडबुंदेलखंड #बुंदेलखंडबुंदेलियोंकेलिए #बुंदेलखंडलाइव्समैटर #बुन्देली #किसानी #बुन्देलखण्ड #मिसनबुंदेलीभासाकौइतहास #मिशनबुन्देलीभाषाकाइतिहास
#BundeliBundelkhandMovement #AkhandBundelkhand #BundelkhandForBundelians
#BundelkhandLivesMatter
#Bundeli #Kisani #Bundelkhand #MissionHistoryOfBundeliLanguage




No comments:
Post a Comment